DPIIT का विश्वास-आधारित शासन: स्टार्टअप इंडिया ने 2.5 लाख स्टार्टअप को मान्यता दी, 25 लाख नौकरियां सृजित कीं; 12 वर्षों में 843 बिलियन डॉलर का FDI

27 अक्टूबर 2026PIB4 मिनट4 प्रश्न

किस परीक्षा के लिए कितनी ज़रूरी

1खबर एक नज़र में

उद्योग और आंतरिक व्यापार संवर्धन विभाग (DPIIT) ने स्टार्टअप इकोसिस्टम को समर्थन देने, नियामक प्रक्रियाओं को सरल बनाने और डिजिटल शासन पर ध्यान केंद्रित करते हुए, अनुमति-आधारित नियामक ढांचे से विश्वास-आधारित ढांचे की ओर एक व्यापक बदलाव का नेतृत्व किया है। इसके प्रमुख परिणामों में 2.5 लाख से अधिक स्टार्टअप को मान्यता देना शामिल है, जिनसे 25.42 लाख नौकरियां सृजित हुईं, 12 वर्षों में कुल 843 बिलियन अमेरिकी डॉलर का FDI प्रवाह हुआ और 47,957 अनुपालनों में कमी आई। राष्ट्रीय एकल खिड़की प्रणाली (NSWS) इस डिजिटल परिवर्तन के केंद्र में है।

  • स्टार्टअप इकोसिस्टम में उछाल

    DPIIT की स्टार्टअप इंडिया पहल ने 2.5 लाख से अधिक स्टार्टअप को मान्यता दी है, जिससे 25 लाख से अधिक नौकरियां सृजित हुई हैं। इसमें गैर-महानगरों और महिला उद्यमियों की महत्वपूर्ण भागीदारी है।

  • नियामक बोझ कम हुआ

    व्यापार संचालन को आसान बनाने के लिए कुल 47,957 अनुपालनों को कम किया गया है, 900 कानूनी प्रावधानों को गैर-आपराधिक बनाया गया है और 29 श्रम कानूनों को 4 संहिताओं में समेकित किया गया है।

  • डिजिटल सिंगल विंडो

    राष्ट्रीय एकल खिड़की प्रणाली (NSWS) ने 3,779 सेवाओं को एकीकृत किया है, स्वतः स्वीकृतियां उत्पन्न करती है और व्यापार संबंधी स्वीकृतियों को सरल बनाने के लिए 22 भाषाओं में उपलब्ध है।

2याद रखने वाले तथ्य

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3विस्तृत विश्लेषण

संदर्भ / पृष्ठभूमि

ऐतिहासिक रूप से, भारत का व्यावसायिक वातावरण एक जटिल, अनुमति-आधारित नियामक ढांचे की विशेषता थी, जिसके कारण देरी और उच्च अनुपालन लागत आती थी। 2014 में शुरू की गई 'ईज ऑफ डूइंग बिजनेस' पहल का उद्देश्य इस प्रतिमान को बदलना था। वाणिज्य एवं उद्योग मंत्रालय के तहत DPIIT, डिजिटलीकरण और प्रक्रियात्मक सरलीकरण का लाभ उठाते हुए, विश्वास-आधारित मॉडल की ओर इस संक्रमण को आगे बढ़ाने वाली नोडल एजेंसी रही है।

मुख्य विश्लेषण और निहितार्थ

सुधार बहुआयामी हैं। स्टार्टअप सहायता प्रणाली (सीड फंड, क्रेडिट गारंटी, फंड ऑफ फंड्स) ने उद्यमिता का लोकतंत्रीकरण किया है, जिसका प्रमाण गैर-महानगरों से 52% स्टार्टअप हैं। नियामक प्रक्रियाओं में कमी (47,957 अनुपालनों में कमी, 900 प्रावधानों का गैर-आपराधिककरण) सीधे व्यापार करने की लागत को कम करती है। श्रम संहिता का समेकन और विनियमों के लिए उच्च सीमाएं श्रमिक संरक्षण को व्यवसायों के लिए परिचालन लचीलेपन के साथ संतुलित करती हैं। 843 बिलियन अमेरिकी डॉलर का भारी FDI प्रवाह इस सुधारित इकोसिस्टम में मजबूत वैश्विक निवेशक विश्वास का संकेत देता है।

भविष्य की संभावनाएं / आगे का रास्ता

भविष्य डिजिटल एकीकरण को गहरा करने में निहित है। NSWS को विश्वसनीय डेटा (जैसे स्वतः उत्पन्न IEM) के आधार पर अधिक स्वचालित स्वीकृतियों के साथ वास्तव में एक सहज मंच के रूप में विकसित होना चाहिए। राज्यों को राष्ट्रीय ढांचे के अनुरूप अपनी एकल खिड़की प्रणालियों (SWS) को मजबूत करने की आवश्यकता है। अनावश्यक विनियमों की पहचान करने और उन्हें समाप्त करने के लिए निरंतर समीक्षा विश्वास-आधारित शासन मॉडल को बनाए रखने और दीर्घकालिक आर्थिक लक्ष्यों को प्राप्त करने के लिए महत्वपूर्ण होगी।

4पृष्ठभूमि GK

इस खबर को समझने के लिए ज़रूरी किताबी जानकारी

प्रत्यक्ष विदेशी निवेश (FDI)
एक देश में किसी फर्म या व्यक्ति द्वारा दूसरे देश में स्थित व्यावसायिक हितों में किया गया निवेश, जिसमें व्यावसायिक संचालन स्थापित करना या व्यावसायिक संपत्ति का अधिग्रहण करना शामिल है।
ईज ऑफ डूइंग बिजनेस
विश्व बैंक समूह द्वारा बनाया गया एक सूचकांक जो व्यावसायिक गतिविधि को बढ़ाने वाले और उसे बाधित करने वाले विनियमों को मापता है। उच्च रैंकिंग व्यवसायों के लिए सरल विनियमों का संकेत देती है।
वैकल्पिक निवेश फंड (AIFs)
एक निजी तौर पर एकत्रित निवेश वाहन (जैसे हेज फंड, निजी इक्विटी, वेंचर कैपिटल) जो एक परिभाषित नीति के अनुसार निवेश करने के लिए परिष्कृत निवेशकों से धन एकत्र करता है।
जन विश्वास अधिनियम
एक संशोधन अधिनियम जिसका उद्देश्य अनुपालन बोझ को कम करने और जीवनयापन में आसानी तथा व्यापार करने में आसानी को बढ़ावा देने के लिए छोटे अपराधों को गैर-आपराधिक बनाना है।

5परीक्षा में कैसे पूछा जाएगा

  • डेटा: DPIIT द्वारा मान्यता प्राप्त स्टार्टअप की संख्या (2,50,046) और सृजित नौकरियां (25.42 लाख)।
  • नोडल निकाय: वाणिज्य एवं उद्योग मंत्रालय के तहत उद्योग और आंतरिक व्यापार संवर्धन विभाग (DPIIT)।
  • कानूनी बिंदु: जन विश्वास अधिनियमों ने केंद्रीय कानूनों में 900 प्रावधानों को गैर-आपराधिक बनाया।

गलती मत करना!

वे सटीक क्षेत्रीय ज्ञान का परीक्षण करने के लिए रक्षा में FDI सीमा (नए लाइसेंस के लिए स्वचालित मार्ग के तहत 74%) बनाम बीमा (भारत में पूरे प्रीमियम का निवेश करने वाले बीमाकर्ताओं के लिए 100%) के बारे में पूछ सकते हैं। वे समेकित श्रम कानूनों की संख्या (29 को 4 संहिताओं में) या किसी भिन्न अवधि के लिए FDI प्रवाह के आंकड़े को भी बदल सकते हैं।

मुख्य परीक्षा के उत्तर में लिखें

विश्वास-आधारित शासननियामक बाधाएंईज ऑफ डूइंग बिजनेस 2.0उद्यमिता का लोकतंत्रीकरणडिजिटल-प्रथम प्रशासन

6अभ्यास प्रश्न

उत्तर चुनें, फिर व्याख्या देखें।

  1. Q1आसान

    उद्योग और आंतरिक व्यापार संवर्धन विभाग (DPIIT) किस मंत्रालय के अधीन कार्य करता है?

  2. Q2कठिन

    DPIIT रिपोर्ट में उल्लिखित सुधारों के संबंध में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:

    1. 1.स्टार्टअप के लिए क्रेडिट गारंटी योजना ने प्रति उधारकर्ता गारंटी कवर को ₹10 करोड़ से बढ़ाकर ₹20 करोड़ कर दिया है।
    2. 2.जन विश्वास अधिनियम 2023 ने 79 केंद्रीय अधिनियमों में 717 प्रावधानों को गैर-आपराधिक बनाया।
    3. 3.श्रम कानूनों के तहत छंटनी या बंदी के लिए पूर्व अनुमति की सीमा 100 से बढ़ाकर 500 श्रमिकों तक कर दी गई है।

    ऊपर दिए गए कथनों में से कौन-सा/से सही है/हैं?

  3. Q3मध्यम

    DPIIT रिपोर्ट के अनुसार, वित्त वर्ष 2014-15 से वित्त वर्ष 2025-26 की अवधि के दौरान भारत में कुल प्रत्यक्ष विदेशी निवेश (FDI) प्रवाह कितना है?

  4. Q4मध्यम

    समाचार में उजागर 'अनुमति-आधारित' से 'विश्वास-आधारित' नियामक ढांचे में बदलाव का प्राथमिक उद्देश्य क्या है?

7सभी स्रोत

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