प्रिलिम्स के लिए: ऊर्जा भंडारण, पंप भंडारण जलविद्युत, बैटरी ऊर्जा भंडारण प्रणाली (BESS), कुल परिव्यय, लक्षित क्षमता, बैटरी भंडारण लक्ष्य, पंप भंडारण लक्ष्य, उभरती तकनीक का लक्ष्य
मेन्स के लिए: ऊर्जा भंडारण, ग्रिड स्थिरता, नवीकरणीय एकीकरण, 500 GW लक्ष्य, पंप भंडारण, बैटरी भंडारण, चौबीसों घंटे बिजली
स्रोत:
Hindustan
वन-डे परीक्षा के 5 तथ्य
SSC, रेलवे, पुलिस और शिक्षक भर्ती में ऐसे ही सीधे सवाल आते हैं।
- केंद्रीय मंत्रिमंडल ने ₹14,500 करोड़ की ऊर्जा भंडारण योजना को मंज़ूरी दी।
- इस योजना का लक्ष्य 2030-31 तक 92 GWh ऊर्जा भंडारण क्षमता है।
- बैटरी भंडारण लक्ष्य: 30 GWh; पंप भंडारण लक्ष्य: 60 GWh।
- भारत के बिजली मिश्रण में नवीकरणीय ऊर्जा की हिस्सेदारी 52% है।
- भारत का लक्ष्य 2030 तक 500 GW नवीकरणीय ऊर्जा क्षमता हासिल करना है।
चर्चा में क्यों?
केंद्रीय मंत्रिमंडल ने बैटरी भंडारण, पंप भंडारण और उभरती प्रौद्योगिकियों को मिलाकर 2030-31 तक 92 GWh ऊर्जा भंडारण क्षमता विकसित करने के लिए ₹14,500 करोड़ की योजना को मंज़ूरी दी है। यह भारत की बढ़ती नवीकरणीय ऊर्जा हिस्सेदारी, जो कुल बिजली उत्पादन का 52% है, को एकीकृत करने और चौबीसों घंटे विश्वसनीय तथा सस्ती बिजली सुनिश्चित करने के लिए महत्वपूर्ण है।
सारांश
- प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की अध्यक्षता वाले केंद्रीय मंत्रिमंडल ने पांच वर्षों में (2030-31 तक) 92 GWh क्षमता विकसित करने के लिए ₹14,500 करोड़ की ऊर्जा भंडारण योजना को मंज़ूरी दी।
- इस योजना में बैटरी ऊर्जा भंडारण से 30 GWh, पंप भंडारण परियोजनाओं से 60 GWh और उभरती भंडारण प्रौद्योगिकियों से 2 GWh का लक्ष्य रखा गया है।
- इस योजना का उद्देश्य ग्रिड को मज़बूत करना, 2030 तक 500 GW नवीकरणीय ऊर्जा क्षमता के भारत के लक्ष्य का समर्थन करना और 24x7 विश्वसनीय तथा सस्ती बिजली आपूर्ति सुनिश्चित करना है।
मुख्य बातें
कैबिनेट ने ऊर्जा भंडारण योजना को मंज़ूरी दी
केंद्रीय मंत्रिमंडल ने 2030-31 तक 92 GWh ऊर्जा भंडारण क्षमता के निर्माण के लिए ₹14,500 करोड़ की योजना को मंज़ूरी दी।
तीन तकनीकी स्तंभ
इस योजना के तहत बैटरी भंडारण (30 GWh), पंप भंडारण (60 GWh) और उभरती प्रौद्योगिकियों (2 GWh) को विकसित किया जाएगा।
नवीकरणीय एकीकरण का समर्थन
यह योजना भारत की 52% नवीकरणीय ऊर्जा हिस्सेदारी को ग्रिड में एकीकृत करने में मदद करती है और 2030 तक 500 GW नवीकरणीय ऊर्जा के लक्ष्य का समर्थन करती है।
पृष्ठभूमि
भारत की नवीकरणीय ऊर्जा क्षमता में तेज़ी से वृद्धि हुई है, जो अब कुल बिजली उत्पादन का 52% है। हालांकि, सौर और पवन ऊर्जा रुक-रुक कर मिलती है, जिससे ग्रिड में अस्थिरता आती है। ऊर्जा भंडारण अतिरिक्त बिजली को तब संग्रहीत करने के लिए आवश्यक है जब उत्पादन अधिक हो और मांग बढ़ने या उत्पादन गिरने पर उसे जारी किया जाए, जिससे चौबीसों घंटे विश्वसनीय बिजली उपलब्ध हो सके।
प्रमुख विश्लेषण एवं प्रभाव
₹14,500 करोड़ की योजना तीन प्रौद्योगिकियों पर केंद्रित है: तीव्र प्रतिक्रिया और कम अवधि की ज़रूरतों के लिए बैटरी ऊर्जा भंडारण (30 GWh), जल जलाशयों का उपयोग करके बड़े पैमाने पर, लंबी अवधि के भंडारण के लिए पंप भंडारण (60 GWh), और नवाचार को बढ़ावा देने के लिए उभरती प्रौद्योगिकियां (2 GWh)। यह योजना राज्यों के साथ साझेदारी में लागू की जाएगी, जिससे ग्रिड स्थिरता बढ़ेगी और चरम बिजली के लिए जीवाश्म ईंधन पर निर्भरता कम होगी। यह सीधे 2030 तक भारत के 500 GW नवीकरणीय ऊर्जा लक्ष्य का समर्थन करता है।
पृष्ठभूमि GK
इस खबर को समझने के लिए आवश्यक मूल अवधारणाएं
- ऊर्जा भंडारण
- एक समय उत्पादित ऊर्जा को बाद में उपयोग के लिए संग्रहीत करने की प्रक्रिया। बिजली ग्रिड में यह आपूर्ति और मांग को संतुलित करने में मदद करती है, खासकर सौर और पवन जैसे रुक-रुक कर मिलने वाले नवीकरणीय स्रोतों के साथ।
- पंप भंडारण जलविद्युत
- एक प्रकार का जलविद्युत ऊर्जा भंडारण जहाँ कम मांग के दौरान पानी को एक ऊँचे जलाशय में पंप किया जाता है और उच्च मांग के दौरान बिजली उत्पन्न करने के लिए छोड़ा जाता है।
- बैटरी ऊर्जा भंडारण प्रणाली (BESS)
- एक प्रणाली जो बाद में उपयोग के लिए रिचार्जेबल बैटरी में बिजली संग्रहीत करती है, ग्रिड स्थिरीकरण और पीक शेविंग के लिए तीव्र प्रतिक्रिया प्रदान करती है।
परीक्षा उपयोगी महत्वपूर्ण तथ्य
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परीक्षा में कैसे पूछा जाएगा
- डेटा: ₹14,500 करोड़ का परिव्यय, 2030-31 तक 92 GWh का लक्ष्य, 30 GWh बैटरी, 60 GWh पंप भंडारण, 2 GWh उभरती तकनीक
- नोडल निकाय: केंद्रीय मंत्रिमंडल
- डेटा: भारत के कुल बिजली उत्पादन में नवीकरणीय ऊर्जा की 52% हिस्सेदारी
यह गलती न करें!
वे क्षमता इकाइयों (GWh बनाम GW) या प्रौद्योगिकी-वार विभाजन (जैसे, बैटरी भंडारण 60 GWh और पंप भंडारण 30 GWh होने का दावा) को बदल सकते हैं। साथ ही, 2030 तक 500 GW नवीकरणीय लक्ष्य को इस 92 GWh भंडारण लक्ष्य के साथ भ्रमित कर सकते हैं।
मुख्य परीक्षा के उत्तर-लेखन के लिए उपयोगी बिंदु
- ऊर्जा भंडारण, ग्रिड स्थिरता, नवीकरणीय एकीकरण, 500 GW लक्ष्य, पंप भंडारण, बैटरी भंडारण, चौबीसों घंटे बिजली
कहीं अटके? एक टैप में समझें
- केंद्रीय मंत्रिमंडल ने ₹14,500 करोड़ की ऊर्जा भंडारण योजना को मंज़ूरी दी।
- इस योजना का लक्ष्य 2030-31 तक 92 GWh ऊर्जा भंडारण क्षमता है।
- बैटरी भंडारण लक्ष्य: 30 GWh; पंप भंडारण लक्ष्य: 60 GWh।
- भारत के बिजली मिश्रण में नवीकरणीय ऊर्जा की हिस्सेदारी 52% है।
- भारत का लक्ष्य 2030 तक 500 GW नवीकरणीय ऊर्जा क्षमता हासिल करना है।
- अर्थव्यवस्था: बुनियादी ढांचा और ऊर्जा
- पर्यावरण: नवीकरणीय ऊर्जा और जलवायु परिवर्तन
जुड़ी अवधारणाएँ: ऊर्जा भंडारण, पंप भंडारण जलविद्युत, बैटरी ऊर्जा भंडारण प्रणाली (BESS)
अभ्यास प्रश्न
उत्तर चुनें, फिर व्याख्या देखें।
- Q1आसान
किस निकाय ने ₹14,500 करोड़ की ऊर्जा भंडारण योजना को मंज़ूरी दी?
व्याख्या: इस योजना को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की अध्यक्षता में केंद्रीय मंत्रिमंडल ने मंज़ूरी दी।
- Q2कठिन
निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:
- 1.स्वीकृत योजना का लक्ष्य 2030-31 तक 92 GWh ऊर्जा भंडारण क्षमता विकसित करना है।
- 2.यह योजना बैटरी ऊर्जा भंडारण के लिए 60 GWh और पंप भंडारण के लिए 30 GWh आवंटित करती है।
- 3.भारत के कुल बिजली उत्पादन में नवीकरणीय ऊर्जा की वर्तमान हिस्सेदारी 52% है।
ऊपर दिए गए कथनों में से कौन-सा/से सही है/हैं?
व्याख्या: कथन 1 सही है: लक्ष्य 2030-31 तक 92 GWh है। कथन 2 गलत है: योजना बैटरी भंडारण के लिए 30 GWh और पंप भंडारण के लिए 60 GWh आवंटित करती है। कथन 3 सही है: नवीकरणीय ऊर्जा की हिस्सेदारी 52% है।
- Q3मध्यम
ऊर्जा भंडारण योजना के लिए स्वीकृत कुल परिव्यय कितना है?
व्याख्या: केंद्रीय मंत्रिमंडल ने ₹14,500 करोड़ के परिव्यय को मंज़ूरी दी। विकल्पों में दिए गए अन्य आंकड़े मौद्रिक राशि नहीं हैं।
- Q4मध्यम
ऊर्जा भंडारण योजना का प्राथमिक उद्देश्य क्या है?
व्याख्या: इस योजना का उद्देश्य ग्रिड को मज़बूत करना, बढ़ती नवीकरणीय ऊर्जा क्षमता (52% हिस्सेदारी) का समर्थन करना और 24x7 विश्वसनीय तथा सस्ती बिजली सुनिश्चित करना है। कोयला उत्पादन पर ध्यान नहीं है, न ही सौर पैनलों की लागत कम करने या बिजली निर्यात करने पर।
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न
1. कैबिनेट द्वारा स्वीकृत ऊर्जा भंडारण योजना की कुल लागत कितनी है?
केंद्रीय मंत्रिमंडल ने 92 GWh ऊर्जा भंडारण क्षमता विकसित करने के लिए ₹14,500 करोड़ की योजना को मंज़ूरी दी।
2. भारत का लक्ष्य इस 92 GWh ऊर्जा भंडारण क्षमता को कब तक विकसित करना है?
इस योजना का लक्ष्य पांच साल की अवधि में, 2030-31 तक 92 GWh ऊर्जा भंडारण क्षमता विकसित करना है।
3. ऊर्जा भंडारण योजना के तहत कौन-सी तीन प्रौद्योगिकियां शामिल हैं?
इस योजना में बैटरी ऊर्जा भंडारण (30 GWh), पंप भंडारण परियोजनाएं (60 GWh) और उभरती भंडारण प्रौद्योगिकियां (2 GWh) शामिल हैं।
4. भारत के कुल बिजली उत्पादन में नवीकरणीय ऊर्जा की वर्तमान हिस्सेदारी कितनी है?
नवीकरणीय ऊर्जा वर्तमान में भारत के कुल बिजली उत्पादन का 52% है।
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मूल खबर4 नवंबर 2026 · खबर पढ़ें
