राजव्यवस्था

उत्तर प्रदेश में UPPSC की मेरिट आधारित चयन प्रक्रिया से 28 फॉरेंसिक वैज्ञानिक अधिकारी नियुक्त

5 नवंबर 20262 मिनट1 स्रोत4 प्रश्नखबर 93 / 124

प्रिलिम्स के लिए: फॉरेंसिक विज्ञान, उत्तर प्रदेश लोक सेवा आयोग (UPPSC), मेरिट आधारित चयन, नियुक्त अधिकारियों की संख्या, चयन करने वाली संस्था, फॉरेंसिक प्रशिक्षण का लक्ष्य बनाम उपलब्धि, प्रति जिले फॉरेंसिक मोबाइल वैन

मेन्स के लिए: फॉरेंसिक साक्ष्य, मेरिट आधारित भर्ती, आपराधिक न्याय सुधार, राज्य पुलिसिंग का बुनियादी ढांचा

स्रोत:HindustanHindustan

चर्चा में क्यों?

उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने उत्तर प्रदेश लोक सेवा आयोग (UPPSC) द्वारा चयनित 28 फॉरेंसिक वैज्ञानिक अधिकारियों को नियुक्ति पत्र सौंपे। चयन पूरी तरह मेरिट और पारदर्शिता के आधार पर हुआ, और साक्षात्कार के उसी दिन परिणाम घोषित किए गए। इस कदम का उद्देश्य राज्य में साक्ष्य-आधारित जांच को मज़बूत करना है।

सारांश

  • उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने UPPSC द्वारा पारदर्शी, मेरिट आधारित प्रक्रिया से चयनित 28 फॉरेंसिक वैज्ञानिक अधिकारियों को नियुक्ति दी।
  • ये अधिकारी यह सुनिश्चित करेंगे कि फॉरेंसिक साक्ष्यों की जांच सटीकता, ईमानदारी और समयबद्धता से हो, ताकि पीड़ितों को न्याय मिल सके।
  • लक्ष्य 500 का था, पर 600 से अधिक पुलिस अधिकारियों को फॉरेंसिक प्रशिक्षण दिया गया है, और हर जिले को दो फॉरेंसिक मोबाइल वैन मिल रही हैं।

मुख्य बातें

  • मेरिट आधारित चयन

    UPPSC ने 28 फॉरेंसिक वैज्ञानिक अधिकारियों का चयन केवल मेरिट और योग्यता के आधार पर किया, और साक्षात्कार के उसी दिन परिणाम घोषित हुए।

  • फॉरेंसिक को मज़बूती

    ये अधिकारी सुनिश्चित करेंगे कि फॉरेंसिक साक्ष्यों की जांच सटीक और समय पर हो, ताकि अपराधी सज़ा पाएं और निर्दोष की रक्षा हो।

  • बुनियादी ढांचे का विस्तार

    उत्तर प्रदेश के हर जिले को दो फॉरेंसिक मोबाइल वैन मिलेंगी, और आधुनिक प्रयोगशालाओं का विस्तार किया जा रहा है।

पृष्ठभूमि

आधुनिक आपराधिक न्याय व्यवस्था में फॉरेंसिक साक्ष्य की बड़ी भूमिका है। भारत में कई मामले कमज़ोर या खराब तरीके से संभाले गए फॉरेंसिक साक्ष्यों के कारण कमज़ोर पड़ जाते हैं। उत्तर प्रदेश सज़ा दर बढ़ाने और निष्पक्ष सुनवाई सुनिश्चित करने के लिए अपनी फॉरेंसिक क्षमता को आधुनिक बनाने पर काम कर रहा है।

प्रमुख विश्लेषण एवं प्रभाव

UPPSC की पारदर्शी प्रक्रिया से 28 फॉरेंसिक वैज्ञानिक अधिकारियों की नियुक्ति राज्य सेवाओं में मेरिट आधारित भर्ती की दिशा में एक कदम है। मुख्यमंत्री ने बताया कि 600 से अधिक पुलिस अधिकारी फॉरेंसिक प्रशिक्षण पा चुके हैं, जो 500 के लक्ष्य से अधिक है। हर जिले को दो फॉरेंसिक मोबाइल वैन मिलने से, खासकर दूरदराज़ के इलाकों में, मौके पर साक्ष्य जुटाने में सुधार होगा।

आगे की राह

अधिक प्रशिक्षित फॉरेंसिक अधिकारियों और बेहतर बुनियादी ढांचे के साथ उत्तर प्रदेश साक्ष्य की कमी से होने वाली बरी होने की घटनाएं घटाने का लक्ष्य रखता है। तेज़ और भरोसेमंद न्याय के लिए फॉरेंसिक प्रयोगशालाओं का लगातार विस्तार और पुलिस जांच के साथ उनका एकीकरण अहम होगा।

उत्तर प्रदेश से जुड़ाव

उत्तर प्रदेश की इन परीक्षाओं के लिए ज़रूरी:UPPSC 7/10

पृष्ठभूमि GK

इस खबर को समझने के लिए आवश्यक मूल अवधारणाएं

फॉरेंसिक विज्ञान
अपराधों की जांच और अदालत में साक्ष्यों की परख के लिए वैज्ञानिक विधियों और तकनीकों का उपयोग।
उत्तर प्रदेश लोक सेवा आयोग (UPPSC)
अनुच्छेद 315 के तहत एक संवैधानिक निकाय, जो उत्तर प्रदेश में विभिन्न राज्य सिविल सेवाओं और पदों के लिए भर्ती परीक्षाएं आयोजित करता है।
मेरिट आधारित चयन
ऐसी भर्ती प्रक्रिया जिसमें अभ्यर्थियों का चयन केवल उनकी योग्यता, कौशल और परीक्षा/साक्षात्कार में प्रदर्शन के आधार पर हो, किसी बाहरी प्रभाव या सिफारिश के बिना।

परीक्षा उपयोगी महत्वपूर्ण तथ्य

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परीक्षा में कैसे पूछा जाएगा

  • इस डेटा पर ध्यान दें: UPPSC द्वारा नियुक्त 28 फॉरेंसिक वैज्ञानिक अधिकारी
  • इस नोडल निकाय पर ध्यान दें: उत्तर प्रदेश लोक सेवा आयोग (UPPSC)

यह गलती न करें!

परीक्षक 'उत्तर प्रदेश लोक सेवा आयोग (UPPSC)' को 'संघ लोक सेवा आयोग (UPSC)' से बदल सकते हैं, या 28 की संख्या को हाल की अन्य नियुक्तियों से उलझा सकते हैं। वे पुलिस प्रशिक्षण के लक्ष्य बनाम उपलब्धि (लक्ष्य 500, 600 से अधिक प्रशिक्षित) पर भी पूछ सकते हैं।

मुख्य परीक्षा के उत्तर-लेखन के लिए उपयोगी बिंदु

  • फॉरेंसिक साक्ष्य, मेरिट आधारित भर्ती, आपराधिक न्याय सुधार, राज्य पुलिसिंग का बुनियादी ढांचा

कहीं अटके? एक टैप में समझें

अभ्यास प्रश्न

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  1. Q1आसान

    उत्तर प्रदेश में 28 फॉरेंसिक वैज्ञानिक अधिकारियों का चयन किस संवैधानिक निकाय ने किया?

  2. Q2कठिन

    उत्तर प्रदेश में फॉरेंसिक वैज्ञानिक अधिकारियों की नियुक्ति के संबंध में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:

    1. 1.अधिकारियों का चयन UPPSC द्वारा पारदर्शी और मेरिट आधारित प्रक्रिया से किया गया।
    2. 2.उत्तर प्रदेश सरकार ने 500 के लक्ष्य के मुकाबले 600 से अधिक पुलिस अधिकारियों को फॉरेंसिक प्रशिक्षण दिया है।
    3. 3.उत्तर प्रदेश के हर जिले को साक्ष्य संग्रह के लिए तीन फॉरेंसिक मोबाइल वैन मिलेंगी।

    ऊपर दिए गए कथनों में से कौन-सा/से सही है/हैं?

  3. Q3मध्यम

    UPPSC चयन के माध्यम से उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री ने कितने फॉरेंसिक वैज्ञानिक अधिकारी नियुक्त किए?

  4. Q4मध्यम

    उत्तर प्रदेश में फॉरेंसिक वैज्ञानिक अधिकारियों की नियुक्ति का मुख्य उद्देश्य क्या है?

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

1. उत्तर प्रदेश में कितने फॉरेंसिक वैज्ञानिक अधिकारी नियुक्त किए गए?

उत्तर प्रदेश लोक सेवा आयोग (UPPSC) ने मेरिट आधारित चयन प्रक्रिया से 28 फॉरेंसिक वैज्ञानिक अधिकारी नियुक्त किए।

2. नए फॉरेंसिक अधिकारियों को नियुक्ति पत्र किसने सौंपे?

उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने नव चयनित 28 फॉरेंसिक वैज्ञानिक अधिकारियों को नियुक्ति पत्र सौंपे।

3. उत्तर प्रदेश में पुलिस फॉरेंसिक प्रशिक्षण का लक्ष्य क्या है?

लक्ष्य 500 पुलिस अधिकारियों को फॉरेंसिक प्रशिक्षण देने का था, पर उपलब्धि 600 से अधिक अधिकारियों के प्रशिक्षण के साथ उससे आगे रही।

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