प्रिलिम्स के लिए: राष्ट्रीय आयुर्विज्ञान आयोग (NMC), भारत में PG मेडिकल शिक्षा, IGIMS पटना, मंज़ूर की गई कुल अतिरिक्त PG सीटें, शुरू किए गए नए कोर्स, बिहार में पहली बार, संस्थान, मंज़ूरी देने वाला निकाय
मेन्स के लिए: स्वास्थ्य बुनियादी ढांचा, विशेषज्ञों की कमी, तृतीयक देखभाल, चिकित्सा शिक्षा विनियमन
स्रोत:Dainik Bhaskar
वन-डे परीक्षा के 5 तथ्य
SSC, रेलवे, पुलिस और शिक्षक भर्ती में ऐसे ही सीधे सवाल आते हैं।
- NMC ने IGIMS पटना में 30 अतिरिक्त PG सीटों को मंज़ूरी दी।
- MD इमरजेंसी मेडिसिन बिहार में पहली बार 4 सीटों के साथ शुरू किया गया।
- MD फिजिकल मेडिसिन एंड रिहैबिलिटेशन 2 सीटों वाला एक नया कोर्स है।
- प्रसूति एवं स्त्री रोग को सर्वाधिक 5 सीटों की वृद्धि मिली।
- IGIMS का अर्थ इंदिरा गांधी आयुर्विज्ञान संस्थान, पटना है।
चर्चा में क्यों?
राष्ट्रीय आयुर्विज्ञान आयोग (NMC) ने पटना स्थित इंदिरा गांधी आयुर्विज्ञान संस्थान (IGIMS) में 30 अतिरिक्त स्नातकोत्तर (PG) सीटों को मंज़ूरी दी है, जिनमें MD इमरजेंसी मेडिसिन की 4 सीटें शामिल हैं, जो बिहार में पहली बार शुरू की जा रही हैं। MD फिजिकल मेडिसिन एंड रिहैबिलिटेशन का एक नया कोर्स भी 2 सीटों के साथ मंज़ूर किया गया है। शेष 24 सीटें 8 मौजूदा विभागों में जोड़ी गई हैं।
सारांश
- NMC ने IGIMS पटना में 30 अतिरिक्त PG सीटों को मंज़ूरी दी है, जिनमें MD इमरजेंसी मेडिसिन की 4 सीटें शामिल हैं, जो बिहार में पहली बार शुरू की जा रही हैं।
- स्ट्रोक और दुर्घटना पुनर्वास के विशेषज्ञों को प्रशिक्षित करने के लिए MD फिजिकल मेडिसिन एंड रिहैबिलिटेशन का एक नया कोर्स 2 सीटों के साथ मंज़ूर किया गया है।
- शेष 24 सीटें 8 मौजूदा विभागों में वितरित की गई हैं, जिसमें प्रसूति एवं स्त्री रोग विभाग को सर्वाधिक 5 सीटों की वृद्धि मिली है।
मुख्य बातें
IGIMS पटना में 30 नई PG सीटें
NMC ने IGIMS पटना में 30 अतिरिक्त स्नातकोत्तर सीटों को मंज़ूरी दी है, जिसमें दो नए कोर्स के लिए 6 सीटें और मौजूदा विभागों में 24 सीटें शामिल हैं।
नया पुनर्वास चिकित्सा कोर्स
MD फिजिकल मेडिसिन एंड रिहैबिलिटेशन (2 सीटें) लकवा, रीढ़ की हड्डी की चोटों और स्ट्रोक के बाद ठीक होने वाले मरीजों की मदद के लिए विशेषज्ञ तैयार करेगा।
बिहार से जुड़ाव
पृष्ठभूमि GK
इस खबर को समझने के लिए आवश्यक मूल अवधारणाएं
- राष्ट्रीय आयुर्विज्ञान आयोग (NMC)
- यह मेडिकल काउंसिल ऑफ इंडिया (MCI) की जगह राष्ट्रीय आयुर्विज्ञान आयोग अधिनियम, 2019 के तहत 2019 में स्थापित एक वैधानिक निकाय है। यह भारत में चिकित्सा शिक्षा और चिकित्सा पेशेवरों को विनियमित करता है।
- भारत में PG मेडिकल शिक्षा
- स्नातकोत्तर मेडिकल कोर्स (MD/MS/DNB) MBBS के बाद किए जाते हैं। प्रवेश NEET PG के माध्यम से होता है। NMC मेडिकल कॉलेजों में मानक निर्धारित करता है और सीटों की वृद्धि को मंज़ूरी देता है।
- IGIMS पटना
- इंदिरा गांधी आयुर्विज्ञान संस्थान, पटना, बिहार का एक प्रमुख सरकारी मेडिकल संस्थान है, जो स्नातक और स्नातकोत्तर चिकित्सा शिक्षा तथा तृतीयक देखभाल प्रदान करता है।
परीक्षा उपयोगी महत्वपूर्ण तथ्य
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परीक्षा में कैसे पूछा जाएगा
- डेटा: NMC द्वारा IGIMS पटना में 30 अतिरिक्त PG सीटों को मंज़ूरी
- डेटा: MD इमरजेंसी मेडिसिन के लिए 4 सीटें - बिहार में पहली बार
- डेटा: MD फिजिकल मेडिसिन एंड रिहैबिलिटेशन के लिए 2 सीटें - नया कोर्स
यह गलती न करें!
छात्र NMC (राष्ट्रीय आयुर्विज्ञान आयोग) को पुराने MCI (मेडिकल काउंसिल ऑफ इंडिया) से भ्रमित कर सकते हैं या सोच सकते हैं कि NMC एक राज्य निकाय है। NMC चिकित्सा शिक्षा के लिए केंद्रीय नियामक निकाय है। साथ ही, प्रत्येक नए कोर्स (4 और 2) के लिए सीटों की संख्या विकल्पों में बदली जा सकती है।
मुख्य परीक्षा के उत्तर-लेखन के लिए उपयोगी बिंदु
- स्वास्थ्य बुनियादी ढांचा, विशेषज्ञों की कमी, तृतीयक देखभाल, चिकित्सा शिक्षा विनियमन
कहीं अटके? एक टैप में समझें
राष्ट्रीय आयुर्विज्ञान आयोग (NMC) ने IGIMS पटना को 30 और स्नातकोत्तर डॉक्टरों को प्रवेश देने की अनुमति दी है। इनमें से छह सीटें बिहार में दो बिलकुल नए कोर्स के लिए हैं: MD इमरजेंसी मेडिसिन, जो डॉक्टरों को हार्ट अटैक और दुर्घटनाओं को संभालने के लिए प्रशिक्षित करता है, और MD फिजिकल मेडिसिन एंड रिहैबिलिटेशन, जो मरीजों को लकवा और स्ट्रोक से उबरने में मदद करता है। अन्य 24 सीटें सर्जरी और स्त्री रोग जैसे मौजूदा विभागों में जोड़ी गई हैं।
- NMC ने IGIMS पटना में 30 अतिरिक्त PG सीटों को मंज़ूरी दी।
- MD इमरजेंसी मेडिसिन बिहार में पहली बार 4 सीटों के साथ शुरू किया गया।
- MD फिजिकल मेडिसिन एंड रिहैबिलिटेशन 2 सीटों वाला एक नया कोर्स है।
- प्रसूति एवं स्त्री रोग को सर्वाधिक 5 सीटों की वृद्धि मिली।
- IGIMS का अर्थ इंदिरा गांधी आयुर्विज्ञान संस्थान, पटना है।
- शासन: स्वास्थ्य नीति और चिकित्सा शिक्षा
- पृष्ठभूमि GK: भारत में नियामक निकाय
जुड़ी अवधारणाएँ: राष्ट्रीय आयुर्विज्ञान आयोग (NMC), भारत में PG मेडिकल शिक्षा, IGIMS पटना
अभ्यास प्रश्न
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- Q1आसान
IGIMS पटना में अतिरिक्त PG मेडिकल सीटों को किस निकाय ने मंज़ूरी दी?
व्याख्या: राष्ट्रीय आयुर्विज्ञान आयोग (NMC) भारत में चिकित्सा शिक्षा को विनियमित करने वाला केंद्रीय वैधानिक निकाय है, जिसे NMC अधिनियम, 2019 के तहत स्थापित किया गया है। इसने मेडिकल काउंसिल ऑफ इंडिया (MCI) की जगह ली। स्वास्थ्य मंत्रालय नीति निर्धारित करता है, और बिहार राज्य मेडिकल काउंसिल डॉक्टरों का पंजीकरण करती है, लेकिन सीटों की मंज़ूरी NMC द्वारा की जाती है।
- Q2कठिन
IGIMS पटना में PG सीटों के विस्तार के संबंध में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:
- 1.MD इमरजेंसी मेडिसिन बिहार में पहली बार शुरू किया जा रहा है।
- 2.कुल 30 नई PG सीटों को मंज़ूरी दी गई, ये सभी नए कोर्स के लिए हैं।
- 3.MD फिजिकल मेडिसिन एंड रिहैबिलिटेशन 2 मंज़ूर सीटों वाला एक नया कोर्स है।
ऊपर दिए गए कथनों में से कौन-सा/से सही है/हैं?
व्याख्या: कथन 1 सही है: MD इमरजेंसी मेडिसिन बिहार में पहली बार शुरू किया जा रहा है। कथन 2 गलत है: 30 नई सीटों में से केवल 6 नए कोर्स के लिए हैं (इमरजेंसी मेडिसिन के लिए 4, फिजिकल मेडिसिन एंड रिहैबिलिटेशन के लिए 2); शेष 24 सीटें 8 मौजूदा विभागों में जोड़ी गईं। कथन 3 सही है: MD फिजिकल मेडिसिन एंड रिहैबिलिटेशन 2 मंज़ूर सीटों वाला एक नया कोर्स है।
- Q3मध्यम
IGIMS पटना में प्रसूति एवं स्त्री रोग विभाग के लिए कितनी अतिरिक्त PG सीटों को मंज़ूरी दी गई?
व्याख्या: प्रसूति एवं स्त्री रोग को 8 मौजूदा विभागों में सर्वाधिक 5 सीटों की वृद्धि मिली। मनोरोग, रेस्पिरेटरी मेडिसिन, रेडिएशन ऑन्कोलॉजी और ENT में 2-2 सीटें जोड़ी गईं; फिजियोलॉजी में 3 सीटें; और जनरल सर्जरी तथा बायोकेमिस्ट्री में 4-4 सीटें जोड़ी गईं।
- Q4मध्यम
IGIMS पटना में MD इमरजेंसी मेडिसिन शुरू करने का प्राथमिक उद्देश्य क्या है?
व्याख्या: MD इमरजेंसी मेडिसिन डॉक्टरों को हार्ट अटैक, ब्रेन स्ट्रोक, सड़क दुर्घटनाओं और सांस लेने में गंभीर परेशानी जैसी गंभीर आपात स्थितियों को संभालने के लिए प्रशिक्षित करता है। यह सीधे तौर पर MBBS स्नातकों की संख्या नहीं बढ़ाता है, न ही इसका उद्देश्य सभी सामान्य चिकित्सकों की जगह लेना या शिक्षा लागत कम करना है - इसका मुख्य उद्देश्य विशेषज्ञ आपातकालीन देखभाल है।
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न
1. IGIMS पटना में कितनी नई PG सीटों को मंज़ूरी दी गई?
IGIMS पटना में राष्ट्रीय आयुर्विज्ञान आयोग (NMC) द्वारा 30 अतिरिक्त PG सीटों को मंज़ूरी दी गई।
2. IGIMS पटना में कौन से नए मेडिकल कोर्स शुरू हो रहे हैं?
दो नए कोर्स शुरू किए जा रहे हैं: MD इमरजेंसी मेडिसिन (4 सीटें) और MD फिजिकल मेडिसिन एंड रिहैबिलिटेशन (2 सीटें)। MD इमरजेंसी मेडिसिन बिहार में पहली बार शुरू किया जा रहा है।
3. IGIMS पटना में किस विभाग को सबसे अधिक अतिरिक्त PG सीटें मिलीं?
प्रसूति एवं स्त्री रोग को सबसे अधिक अतिरिक्त सीटें मिलीं, कुल 5 नई PG सीटें।

